English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-04-20 101827

उत्तर प्रदेश के बांदा जिले की तिंदवारी सीट से भाजपा विधायक रहे बृजेश प्रजापति के घर पर बुलडोजर चलना तय हो गया है। बांदा विकास प्राधिकरण ने नोटिस जारी कर 15 दिनों में अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया है।

 

ऐसा नहीं करने पर विकास प्राधिकरण मकान को गिराने की कार्यवाही करेगा। बृजेश प्रजापति विधानसभा चुनाव के पहले ही भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हुए थे और 2022 में सपा से तिंदवारी से विधानसभा चुनाव मैदान में थे, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा। उन पर चुनाव खत्म होते ही प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया था।

Also read:  आप का वादा, नगर निगम का चेयरमैन आप का हुआ तो वहां दिल्ली मॉडल लागू किया जाएगा

बीडीए ने 22 मार्च 2022 को बृजेश को नोटिस जारी कर घर के नक्शे के संबंध में 7 अप्रैल तक दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। बृजेश ने अपने पक्ष में प्रतिनिधि भेज कई दस्तावेज प्रस्तुत किए, लेकिन मकान निर्माण के नक्शे से जुड़ा कोई साक्ष्य नहीं दिखा सके। बीडीए कोर्ट में 16 अप्रैल 2022 तारीख लगी, जिसमें भी सपा नेता मकान निर्माण के कागज नहीं दिखा सके।

Also read:  अहमदाबाद-मुंबई बुलेट ट्रेन के लिए 1,500 करोड़ आवंटित,गुजरात में अब तक का सबसे बड़ा बजट

इसके बाद BDA कोर्ट ने 18 अप्रैल को बृजेश प्रजापति को नोटिस जारी कर खुद से मकान हटाने के लिए 15 दिनों की मोहलत दे दी। अगर ऐसा नहीं किया जाता तो प्राधिकरण की ओर से मकान गिराने की कार्यवाही की जाएगी, जिसका खर्च भी मकान मालिक से वसूल किया जाएगा।

Also read:  2035 तक सऊदी अरब में 82% कचरे के ढेर को बाहर कर दिया जाएगा

इस मामले में बृजेश प्रजापति से संपर्क नहीं हो पाया है, उनका मोबाइल नंबर बंद है। हालांकि, उनके पीआरओ मनोज प्रजापति ने कहा कि यह सब बदले की भावना से किया जा रहा है। लेकिन एक बड़ा सवाल है कि 2017 से 2022 तक भाजपा से विधायक रहने के बाद बीडीए को यह मकान अवैध नहीं दिखा। इस मामले में बीडीए के अधिकारियों से सवाल किया गया तो उन्होंने चुप्पी साध ली।