English മലയാളം

Blog

जेनेवा (स्विट्जरलैंड): 

यूरोप के कई देशों की ओर से AstraZeneca की कोरोना वैक्सीन पर रोक लगाने के बीच विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन (WHO) ने कहा है कि ऐसा करने की कोई वजह नहीं है.गौरतलब है कि खून के थक्‍के (blood clot) के चलते कई यूरोपीय देशों ने AstraZeneca vaccine के उपयोग को रोक दिया है.  WHO की प्रवक्‍ता माग्ररेट हैरिस ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘हां, हमें AstraZeneca वैक्‍सीन का उपयोग करना जारी रखना चाहिए.’उन्‍होंने कहा, ‘AstraZeneca बेहतरीन वैक्‍सीन है, उन्‍हीं वैक्‍सीन की तरह जो इस्‍तेमाल की जा रही हैं.’ उन्‍होंने कहा, ‘हम मौत के डाटा की समीक्षा कर रहे हैं. उन्‍होंने कहा, वैक्‍सीन के कारण किसी भी मौत को आज की डेट तक साबित नहीं हुई है’

Also read:  महाराष्ट्र के कुछ इलाकों में लॉकडाउन संभव,कोरोना की स्थिति "खतरनाक"

गौरतलब है कि डेनमार्क, नार्वे और आइसलैंड ने AstraZeneca vaccine कोविशील्ड के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है. कोविड-19 वैक्सीन लेने वाले कुछ लोगों में खून का थक्का (blood clots) जमने की चिंताओं के बाद यह निर्णय किया गया है.

Also read:  विश्‍व कप 2023 पर चला नया पैंतरा एशिया कप का आयोजन इस साल पाकिस्‍तान में होने की उम्‍मीद कम

वैसे, यूरोप की दवा निर्माता कंपनियों के नियामक ने जोर देकर कहा है कि वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित है.डेनमार्क ने AstraZeneca vaccine  के इस्तेमाल पर सबसे पहले रोक लगाई थी. डेनमार्क के स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा है कि ऐहतियात के तौर पर यह कदम उठाया गया है. अभी किसी नतीजे पर नहीं पहुंचा गया है कि वैक्सीन और रक्त के थक्के जमने की बीच कोई संबंध है.एस्टोनिया, लातविया, लिथुआनिया और लग्जमबर्ग पहले ही AstraZeneca के टीके से वैक्सीनेशन के अभियान को निलंबित कर चुके हैं. AstraZeneca की वैक्सीन 17 यूरोपीय देशों में भेजी गई थी.