English മലയാളം

Blog

1640591202-1640591202-wrosnti5jkbn

कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के बीच देश में कोरोना की तीसरी स्वदेशी वैक्सीन कोवोवैक्स और कॉर्बेवैक्स और एंटी-वायरल दवा मोलनुपिरवीर को स्वास्थ्य मंत्रालय ने आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण की मंजूरी दे दी है

 

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के तहत केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) ने COVID19 टीकों कोवोवैक्स और कॉर्बेवैक्स और एंटी-वायरल दवा मोलनुपिरवीर को आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण की मंजूरी दे दी है।

Also read:  शीतलहर का कहर: अगले चार दिन तक उत्तर भारत को कंपकंपाएगी ठंड, IMD ने 5 राज्यों के लिए जारी किया ऑरेंज अलर्ट

स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने यह जानकारी दी। सिलसिलेवार ट्वीट्स में देश को बधाई देते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि मोलनुपिरवीर एक एंटीवायरल दवा है जो देश में 13 कंपनियों द्वारा COVID-19 के वयस्क रोगियों के इलाज के लिए आपातकालीन स्थिति में प्रतिबंधित उपयोग के लिए निर्मित की जाएगी।

Also read:  किसान सम्मान निधि में होगा बदलाव, अब तक हुए सात बदलाव, जाने क्या होगा बदलाव

CORBEVAX वैक्सीन भारत का पहला स्वदेशी रूप से विकसित RBD प्रोटीन सब-यूनिट वैक्सीन है। इसे हैदराबाद स्थित फर्म बायोलॉजिकल-ई द्वारा बनाया गया है। यह भारत में विकसित हुआ तीसरा टीका है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि नैनोपार्टिकल वैक्सीन, कोवोवैक्स, का निर्माण पुणे स्थित फर्म सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया द्वारा किया जाएगा बता दें सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) ने कोवोवैक्स के लिए अनुमति मांगी थी एसआईआई ने आपात स्थिति में सीमित उपयोग के लिए कोवोवैक्स के विपणन की मंजूरी के लिए अक्टूबर में डीसीजीआई को एक आवेदन दिया था।

Also read:  सिंधे गुट के विधायकों के निलंबन पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई,