English മലയാളം

Blog

नई दिल्ली: 

उत्तर प्रदेश के बलिया में पिछले हफ्ते हुए मर्डर केस (Ballia Murder Case) को लेकर खूब राजनीति हो रही है. कांग्रेस इस मामले में जांच के खिलाफ कई बयान दे चुके भारतीय जनता पार्टी के विधायक सुरेंद्र सिंह (BJP MLA Surendra Singh) को लेकर लगातार हमलावर है, जिसके बाद बीजेपी ने विधायक पर सख्ती दिखाई है. सूत्रों के हवाले से जानकारी है कि बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने यूपी बीजेपी अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह को बलिया की घटना को लेकर फ़ोन किया था. नड्डा ने इस दौरान बीजेपी विधायक सुरेंद्र सिंह के व्यवहार को लेकर चेतावनी देते हुए कड़ी आपत्ति की है.

Also read:  डीके शिवकुमार और सिद्धारमैया सहित ठेकेदार संतोष पाटिल की मौत के मामले में कांग्रेस नेताओं ने राज्य मंत्री केएस ईश्वरप्पा का मांगा इस्तीफा

सूत्रों ने जानकारी दी है कि जेपी नड्डा ने स्वतंत्र देव सिंह को विधायक सुरेंद्र सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश दिया है. नड्डा ने यहा भी कहा है कि बलिया घटना की जांच में वो किसी प्रकार का दखल देने की कोशिश ना करें, वर्ना पार्टी उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी.

बता दें कि पिछले हफ्ते गुरुवार को बलिया के दुर्जनपुर गांव में दो पक्षों के बीच गोलियां चल गई थीं, जिसमें एक अधेड़ की मौत हो गई थी. गोली चलाने का मुख्य आरोपी धीरेंद्र सिंह बीजेपी कार्यकर्ता है और वो घटना के बाद फरार चल रहा था. रविवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया था.

Also read:  पीएम मोदी ने 'हर घर जल उत्सव' का किया उद्घाटन, कहा- हर घर नल से जल पहुंचाने के अभियान को एक ''बड़ी सफलता'' करार दिया

हालांकि, मामले ने तब असली राजनीतिक रंग लेना शुरू कर दिया, जब बलिया से बीजेपी विधायक सुरेंद्र सिंह ने आरोपी पक्ष के बचाव में बयान देने शुरू कर दिए और घेराव की धमकी देने लगे. सुरेंद्र सिंह ने कहा था कि आरोपी उनका सहयोगी है और उसने आत्मरक्षा में गोली चलाया था. उन्होंने थाने का घेराव देने और सत्याग्रह करने की बात भी कही थी. उन्होंने यह भी कहा था कि ‘मैं विधायक रहूं या नहीं रहूं स्वाभिमान और संस्कृति  की रक्षा जरूर करूंगा.’

Also read:  'लॉन्ग मार्च' कर रहे किसानों से सरकार द्वारा अब तक बात नहीं करने पर पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे ने जताई नाराजगी

आरोपी के समर्थन में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने भी प्रदर्शन और नारेबाजी की है. इनकी मांग है कि पीड़ित पक्ष के ऊपर भी मुकादमा दर्ज किया जाए क्योंकि उन्होंने भी मारपीट की थी. उनकी धमकी है कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो वो बीजेपी छोड़ देंगे.