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नई दिल्ली: 

ब्रिटेन (Britain) से पिछले कुछ दिनों में भारत आने वाले कम से कम 22 यात्री कोरोना पॉजिटिव (Covid Positive)  पाए गए हैं. कोरोना के नए स्ट्रेन (Corona Virus Strain) को लेकर दुनिया भर में सतर्कता के बीच ये यात्री संक्रमित मिले हैं. कोरोना का नया म्यूटेंट स्ट्रेन ज्यादा संक्रामक माना जा रहा है औऱ सबसे पहले ब्रिटेन में इसकी पहचान हुई थी. अधिकारियों ने बताया कि ब्रिटेन से या ब्रिटेन होकर आए 11 लोग दिल्ली में पॉजिटिव पाए गए जबकि 8 अमृतसर में, दो कोलकाता में और एक व्यक्त‍ि चेन्नई में पॉजिटिव पाया गया. सरकार ने कहा है कि अभी तक भारत में कोरोना के नए स्ट्रेन से जुड़ा एक भी मामला सामने नहीं आया है.

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ब्रिटिश उड़ानों (UK Flights Ban) पर बुधवार से प्रतिबंध लागू होने के पहले के दो दिनों में ब्रिटेन से आने वाले सभी यात्रियों का आरटीपीसीआर टेस्ट (RTPCR Test) कराया गया है. इन यात्रियों को कोरोना टेस्ट का नतीजा आने तक एयरपोर्ट पर ही रोका गया. इनमें जो भी व्यक्ति कोरोना संक्रमित पाए गए हैं, उनके सैंपल उन्नत प्रयोगशालाओं (LAB) जैसी नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी पुणे जैसी जगहों पर भेजे गए हैं, ताकि म्यूटेंट कोरोना वायरस (Mutant Corona Virus) के स्ट्रेन का पता लगाया जा सके. सभी राज्यों की सरकारी एजेंसियां पिछले एक माह में ब्रिटेन से भारत आए हर हवाई यात्री का पता लगाने में भी जुटी हैं. इन यात्रियों को कम से कम दो हफ्ते तक स्वयं की सघन निगरानी करने को कहा गया है.भारत ने ब्रिटेन से आने-जाने वाले उड़ानों पर 31 दिसंबर तक के लिए रोक लगा दी है. मुंबई ने ब्रिटेन के इस खतरनाक स्ट्रेन को देखते हुए नाइट कर्फ्यू लागू कर दिया है.

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गौरतलब है कि ब्रिटेन से आने वाले यात्रियों ने एयरपोर्ट पर लंबे इंतजार कोलेकर शिकायत की है. उनका कहना है कि कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन की रोकथाम को लेकर लागू किए जा रहे सरकारी एजेंसियों के नियम भ्रम पैदा कर रहे हैं. भारत में बुधवार को कोविड-19 के 23,590 केस दर्ज किए गए. देश में कोरोना के कुल संक्रमितों की तादाद 1.01 करोड़ तक पहुंच गई है. देश में सक्रिय मरीज (जिनका इलाज चल रहा) की संख्या 3 लाख से भी कम रह गई है.

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