English മലയാളം

Blog

Screenshot 2023-08-21 093944

UP Crime पंचांग को हिंदू कैलेंडर माना जाता है। कृष्ण पक्ष पूर्णिमा और अमावस्या के बीच के भाग को कहते हैं। पूर्णिमा के अगले दिन कृष्ण पक्ष की शुरुआत होती है जो अमावस्या के दिन तक 15 दिनों तक चलती है। पुलिस का मानना है कि राज्य में हत्या लूट डकैती चोरी की अधिकांश घटनाएं कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि के पहले और बाद में हो रही हैं।

उत्तर प्रदेश पुलिस अपराध रोकने के लिए हिंदू पंचांग का सहारा ले रही है। पुलिस का मानना है कि राज्य में हत्या, लूट, डकैती, चोरी और महिलाओं के विरुद्ध अपराध की अधिकांश घटनाएं कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि से एक सप्ताह पहले और एक सप्ताह बाद हो रही हैं।

Also read:  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रपति के अभिभाषण पर हुई चर्चा का सदन में जवाब देंगे, प्रधानमंत्री मोदी राहुल गांधी के आरोपों पर भी पलटवार कर सकते

अधिक सतर्कता बरतने के निर्देश

खुद पुलिस महानिदेशक विजय कुमार इस तथ्य पर विश्वास कर रहे हैं। प्रदेशभर के पुलिस आयुक्तों और कप्तानों को भेजे परिपत्र में डीजीपी ने कहा है कि राज्यभर में घटित होने वाले अपराधों का विश्लेषण करने पर यह बात सही पाई गई है। डीजीपी ने प्रदेशभर के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे इन दिनों अधिक सतर्कता बरती जाए।

हॉट स्पॉट चिह्नित कर बनाएं कार्ययोजना

पुलिस टीम लगातार गश्त करे और संदिग्धों की धरपकड़ करें ताकि अपराधी अपने मंसूबों में कामयाब न हो सकें। डीजीपी ने कहा है कि अधिकारी हिंदू पंचांग के अनुसार प्रत्येक माह में कृष्ण पक्ष की अमावस्या की तिथि को चिह्नित करे और पूर्व में अमावस्या की तिथि से एक सप्ताह पहले व एक सप्ताह बाद रात में हुए अपराधों के आधार पर हॉट स्पॉट चिह्नित कर कार्ययोजना तैयार की जाए।

Also read:  कोरोना को हराने के लिए तैयार भारत ,कोरोना वैक्सीन 'कोविशील्ड' की पहली खेप पहुंची दिल्ली

प्रमुख चौराहों पर लगवाएं सीसीटीवी कैमरे

सभी थाना प्रभारी क्राइम मैपिंग के अनुसार इन हॉट स्पॉट पर अपराध रोकने के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मी तैनात करें। हॉट स्पॉट की तरफ आने जाने वाले रास्तों के प्रमुख चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएं। रात में पुलिस गश्त का औचक निरीक्षण भी किया जाए जिससे लापरवाही न हो सके।

Also read:  रात में म्यूज़ियम ऑफ़ फ्यूचर की बाहरी लाइटें क्यों बंद कर दी गई हैं

क्या है कृष्ण पक्ष?

पंचांग को हिंदू कैलेंडर माना जाता है। कृष्ण पक्ष पूर्णिमा और अमावस्या के बीच के भाग को कहते हैं। पूर्णिमा के अगले दिन कृष्ण पक्ष की शुरुआत होती है, जो अमावस्या के दिन तक 15 दिनों तक चलती है।

माना जाता है कि कृष्ण पक्ष में कोई भी शुभ कार्य करना उचित नहीं होता है। ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा के घटते चरण को इसकी वजह बताया गया है। जैसे-जैसे पूर्णिमा के बाद दिन बढ़ता है, चंद्रमा की रोशनी कमजोर होने लगती है।