English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-08-12 105221

पार्थ चटर्जी और अनुब्रत मंडल के खिलाफ कार्रवाई के बाद भारतीय जनता पार्टी ने तृणमूल कांग्रेस के नेताओं को सलाह दी है।

भाजपा नेता अमित मालवीय का टीएमसी नेताओं से कहना है कि असुविधा होने पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी उन्हें भी छोड़ देंगी।

शिक्षक भर्ती घोटाला मामले में चटर्जी पर प्रवर्तन निदेशालय ने शिकंजा कसा है। वहीं, मंडल की गिरफ्तारी पशु तस्करी के मामले में हुई है।

Also read:  अवधेश राय हत्याकांड में जेल में बंद माफिया मुख्तार अंसारी को वाराणसी की MP MLA कोर्ट ने दोषी करार दिया

भाजपा ने आरोप लगाए हैं कि सीएम बनर्जी ने चटर्जी और मंडल के फोन ऐसे समय पर उठाने बंद किए हैं, जब उन्हें उनकी सबसे ज्यादा जरूरत थी। पार्टी का कहना है कि ऐसा बनर्जी ने इसलिए किया, क्योंकि वे उनके लिए असुविधा खड़ी कर रहे थे। कुछ समय पहले खबरें आई थीं कि सरकार में पूर्व शिक्षा मंत्री रहे चटर्जी ने सीएम से बात करने की कोशिश की थी, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया।

Also read:  देश में शुरू हुआ 15 से 18 साल के बच्चों के टीकाकरण का आगाज, राज्यों ने रखे टीकाकरण के लक्ष्य

मालवीय ने ट्वीट किया, ‘ममता बनर्जी ने पार्थ और अनुब्रत के कॉल लेने बंद कर दिए हैं, जब उन्हें सबसे ज्यादा जरूरत थई। उन्होंने (ममता बनर्जी) को जब असुविधा हुई, तो उन्हें छोड़ दिया। अन्य उन मंत्रियों, टीएमसी कार्यकर्ताओं और नौकरशाहों के संदेश, जिन्होंने उनके लिए लूट, हत्या और बलात्कार में सहयोग किया है- आप को भी छोड़ दिया जाएगा।’

Also read:  Delhi Air Pollution: दिल्ली की वायु गुणवत्ता में सुधार के बाद भी सांसों का संकट बरकरार, 'गंभीर' श्रेणी से निकलकर हुई 'बहुत खराब'

खबर है कि केंद्रीय एजेंसी की तरफ से मंडल को 10 बार तलब किया गया था, लेकिन वह स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का हवाला देते हुए पूछताछ के लिए पेश नहीं हुए। गुरुवार को उन्हें बीरभूम स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया। खबर है कि टीएमसी नेता को विशेष अदालत में पेश किया गया था, जहां से उन्हें 10 दिनों की हिरासत में भेजा गया है।