English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-07-18 101239

केरल के कई हिस्सों में लगातार भारी बारिश होने के कारण मुल्लापेरियार और इडुक्की समेत कई बांधों में जल स्तर तेजी से बढ़ रहे हैं और कुछ बांध रविवार को खतरे के निशान तक पहुंच गए हैं।

 

केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (केएसडीएमए) की ओर से उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के अनुसार, केरल राज्य विद्युत बोर्ड (केएसईबी) के नियंत्रण में आने वाले छह बांधों में जलस्तर रेड अलर्ट और एक बांध में ऑरेंज अलर्ट के स्तर पर है। इनमें से चार इडुक्की में हैं। जिन बांधों में पूर्वाह्न 11 बजे तक जल स्तर खतरे के निशान तक पहुंच गया है, उनमें इडुक्की में पोनमुडी, कलारकुट्टी, इरात्तयार और लोअर पेरियार, कोझीकोड में कुट्टीयाडी और पथनमथित्ता जिले में मूझियार शामिल हैं।

Also read:  14वें शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए जापान के प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा भारत के दो दिवसीय दौरे पर, पीएम मोदी के साथ करेंगे द्विपक्षीय वार्ता

उत्तराखंड में बारिश के लिए रेड अलर्ट जारी

मौसम विभाग ने उत्तराखंड में 19 और 20 जुलाई को मूसलाधार बारिश के अनुमान को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है, जिसके मद्देनजर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी जिलाधिकारियों से सतर्क और सचेत रहने को कहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के 13 में से सात जिलों में 19 और 20 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की है। मौसम विज्ञानियों का मानना है कि अगले चार दिन उत्तराखंड के लिए भारी हो सकते हैं। उत्तराखंड के देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत, उधमसिंह नगर और हरिद्वार जिलों के कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी और कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश की आशंका जताई गयी है, जबकि शेष जिलों में भी कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है।

दिल्ली में ग्रीन अलर्ट जारी

Also read:  राजद्रोह कानून (124 A) की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर 5 मई को सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई

देश के कई हिस्सों में बारिश से बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग की मानें तो तो दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में आज भी हल्की बारिश के आसार हैं। इन हिस्सों में विभाग ने ग्रीन अलर्ट जारी किया है। दिल्ली में आज अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है. वहीं 20-25 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।

Also read:  अफगानिस्तान में सत्तारूढ़ तालिबान ने देश छोड़ कर गए अल्पसंख्यकों को वापस लोटने की अपील की, दिया सुरक्षा का भरोसा