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कोलकाता: 

पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी(Mamata Banerjee) के कोलकाता के नाबन्‍ना स्थित ऑफिस पर बीजेपी के मार्च को पुलिस ने बल प्रयोग कर रोक दिया है. पुलिस ने मार्च कर रहे बीजेपी कार्यकर्ताओं के खिलाफ आंसू गैस और वाटर केनन का इस्‍तेमाल किया. राज्‍य में बीजेपी कार्यकताओं की हत्‍या के विरोध में पार्टी द्वार यह प्रदर्शन किया जा रहा है.पश्चिम बंगाल के सचिवालय नाबन्‍ना के बाहर सैकड़ों की संख्‍या में मौजूद बीजेपी प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ झड़प भी हुई. वीडियो विजुअल में देखा जा सकता है कि पुलिस आंसू गैस और वॉटर कैनन का इस्‍तेमाल करके प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर कर रही है. बीजेपी नेता लॉकेट चटर्जी ने कहा, ‘पुलिस हमारे कार्यकर्ताओं पर लाठी चार्ज कर रही है. खिदिरपुर की ओर से पथराव किया जा रहा है क्‍या पुलिस इसको नहीं देख रही.’

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गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में राजनीतिक जमीन खोजने की कोशिश में जुटी बीजेपी बुधवार को सचिवालय नाबन्ना तक विरोध में मार्च का आयोजन कर रही है हालांकि, राज्‍यसरकार ने विपक्षी पार्टी को इसके लिए अनुमति नहीं दी है. इसके पीछे ममता सरकार ने कुछ अन्य वजहों के साथ बुधवार को शाहीन बाग आंदोलन पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भी हवाला दिया है, जिसमें कोर्ट ने कहा था कि सार्वजनिक स्थलों पर दिक्कतें पैदा करके कोई आंदोलन नहीं किया जा सकता. हालां‍कि इसके बावजूद बीजेपी मार्च को लेकर लामबंद है.

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बंगाल बीजेपी के चीफ दिलीप घोष ने कहा, ‘हम जानबूझकर नबन्ना में लगी धारा 144 तोड़ेंगे.’ उन्होंने ममता सरकार पर बीजेपी को निशाने पर रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि ममता की तृणमूल कांग्रेस सहित दूसरी राजनीतिक पार्टियां भी निषिद्ध क्षेत्रों में प्रदर्शन करती हैं. बता दें कि सचिवालय में ही मुख्यमंत्री का ऑफिस भी है.

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