English മലയാളം

Blog

भरतपुर, राजस्थान: 

गुर्जर नेता किरोड़ी सिंह बैंसला के नेतृच्व में राजस्थान के भरतपुर में शनिवार को एक महापंचायत बुलाई गई, जिसमें गुर्जर नेताओं ने अपना शक्ति प्रदर्शन करते हुए सरकार को अल्टीमेटम दिया है कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं तो गुर्जर समुदाय 1 नवंबर को पूरे प्रदेश में चक्का जाम कर देगा. नेताओं ने कहा कि फिलहाल फसल बुआई के काम के चलते किसान व्यस्त हैं. ऐसे में आंदोलन करना उचित नहीं है. अल्टीमेटम देने के साथ ही गुर्जरों की महापंचायत शांतिपूर्ण संपन्न हो गई. इससे  जिला प्रशासन ने राहत की सांस ली है.

Also read:  पीएम मोदी की सुरक्षा हुई चुक पर पंजाब सरकार ने बनाई हाई लेवल कमेटी, तीन दिन में सौंपेगी रिपोर्ट

गुर्जरों कि इस महापंचायत में करीब ढाई हजार लोग इकठ्ठा हुए थे, जबकि गुर्जर नेताओं की उम्मीद थी कि इस महापंचायत में 20 हजार लोग जमा होंगे. सूत्र कम भीड़ इकट्ठा होने की वजह गुर्जर नेताओं में आपसी फूट बता रहे हैं. महापंचायत को देखते हुए जिला प्रशासन ने पहले ही ऐहतियातन इंटरनेट सेवा बंद कर दी थी, जिसे आज बहाल होने की संभावना है. किरोड़ी सिंह बैंसला ने घोषणा करते हुए कहा कि हम लोग शांति चाहते हैं लेकिन सरकार भी समझ ले कि हमारी मांगों को पूरा करने के लिए जल्दी ही सकारात्मक विचार करे अन्यथा आंदोलन होकर ही रहेगा.

Also read:  भाजपा को लगा झटका, मनसुख वसावा ने दिया पार्टी से इस्तीफा बात न सुने जाने पर थे नाराज

गुर्जरों की मांग है कि बैकलॉग भर्ती में 35000 पद गुर्जर समुदाय के लोगों को दी जाए. इसके अलावा आंदोलन में शहीद हुए लोगों की विधवाओं को सरकारी नौकरी दी जाए. गुर्जर आरक्षण को केंद्र में लागू कराने के लिए उसे 9वीं सूची में डलवाने की मांग भी गुर्जर नेताओं ने सरकार से की है. पिछले समय में हुए सभी गुर्जर आंदोलनों में दर्ज किए गए सभी पुलिस मुकदमों को वापस लेने की मांग भी की गई.