English മലയാളം

Blog

20211213_1639421447-137

कोरोना का ओमिक्रॉन वेरिएंट के बढ़ते मामलों को देख राज्य की सरकारें अर्ल्ट मोड़ में आ गई है।  सीएम गहलोत ने कहा कि सभी आयु वर्ग के लोगों को खुद टीका लगवाना चाहिए और कोरोना प्रोटोकॉल का प्रभावी रूप से पालन होना चाहिए। सीएम ने अधिकारियों को जनवरी के पहले हफ्ते से फेस मास्क पहनने और सोशल डिस्टेंसिंग जैसे विभिन्न उपायों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया है।

 

 

देश में कोरोना का नया वैरिएंट ओमिक्रॉन आने के बाद राज्य सरकारें रोज नए-नए दिशानिर्देश जारी कर रही हैं। साथ ही टीकाकरण पर भी काफी जोर दिया जा रहा है। राजस्थान में अगले साल एक फरवरी से विभिन्न स्थानों पर प्रवेश करने और सुविधाओं का उपयोग करने के लिए कोरोना का टीका लगवाना अनिवार्य दिया जाएगा।

Also read:  यूपी मंत्री मंडल को मिला विभागों का दायित्व, जितिन का मंत्रालय तो सबसे चौंकाने वाला

वहीं नई साल के जश्न को देखते हुए मुख्यमंत्री गहलोत ने अधिकारियों को जनवरी के पहले हफ्ते से फेस मास्क पहनने और सोशल डिस्टेंसिंग जैसे विभिन्न उपायों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया है।

Also read:  सऊदी अरब को 2022 में 7.4% की वृद्धि की उम्मीद

सीएम गहलोत ने दुनिया के लगभग 110 देशों में ओमिक्रॉन के फैलने पर चिंता व्यक्त की। साथ ही कहा कि सभी आयु वर्ग के लोगों को खुद टीका लगवाना चाहिए और कोरोना प्रोटोकॉल का प्रभावी रूप से पालन होना चाहिए। उन्होंने जिला प्रशासन को टीकाकरण और फेस मास्क पहनने के प्रति लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि लोग कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करने में लापरवाह हो गए हैं क्योंकि दैनिक मामलों की संख्या बहुत कम थी लेकिन वायरस फिर से फैल रहा है जो गंभीर विषय है।

Also read:  बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा का आगरा और बरेली में करेंगे डोर-टू-डोर अभियान की शुरुआत

वहीं कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य मंत्री परसादी लाल मीणा ने कहा कि हवाई अड्डों, रेलवे स्टेशनों और अन्य जगहों पर स्क्रीनिंग की व्यवस्था को मजबूत किया जाए। सीएम के साथ बैठक में आयुर्वेद मंत्री सुभाष गर्ग, गृह राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह यादव, मुख्य सचिव निरंजन आर्य समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे।