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अगले माह राष्ट्रपति चुनाव को लेकर विपक्ष की सक्रियता तेज हो गई है।

आज दिल्ली में विपक्षी दलों की अहम बैठक होने जा रही है। यह बैठक टीएमसी चीफ ममता बनर्जी ने बुलाई है जिसमे 22 दलों को न्योता दिया गया है। बैठक में देश के अगले राष्ट्रपति के तौर पर विपक्ष का उम्मीदवार कौन होगा इसपर चर्चा होगी। सूत्रों के अनुसार विपक्ष महात्मा गांधी के पोते गोपाल कृष्ण गांधी को विपक्ष की ओर से राष्ट्रपति का उम्मीदवार बना सकता है। रिपोर्ट की मानें तो गोपाल कृष्ण गांधी को विपक्ष की ओर से यह प्रस्ताव भेजा गया है और इस प्रस्ताव पर विचार करने के लिए उन्होंने समय मांगा है।

क्यों सामने आया नाम

सूत्रों की मानें तो लेफ्ट पार्टियों ने एनसीपी मुखिया शरद पवार के साथ मुलाकात के दौरान पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल गोपाल कृष्ण गांधी के नाम को आगे बढ़ाया था। लेफ्ट पार्टियों के इस सुझाव का शरद पवार ने कोई विरोध नहीं किया है, ऐसे में माना जा रहा है कि आज होने वाली बैठक में गोपाल कृष्ण गांधी के नाम का प्रस्ताव आगे बढ़ाया जा सकता है। हालांकि देखने वाली बात है कि क्या विपक्ष के सभी दल गोपाल कृष्ण गांधी के नाम पर एकमत हो पाते हैं या नहीं। गोर करने वाली बात है यह है कि आज होने वाली विपक्ष की बैठक से पहले ही कुछ दल दूरी बनाते दिख रहे हैं। सूत्रों की मानें तो कई दल आज की बैठक से दूर रह सकते हैं।

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2017 में बनी थी आम सहमति

गौर करने वाली बात है कि 2017 में उपराष्ट्पति पद के लिए हुए चुनाव के दौरान गोपाल कृष्ण गांधी विपक्ष के एकमत उम्मीदवार थे, उनके नाम पर लगभग पूरा विपक्ष सहमत था। हालांकि एम वेंकैया नायडू क खिलाफ गोपाल कृष्ण गांधी को हार का सामना करना पड़ा था। सूत्रो का कहना है कि विपक्ष की ओर से गोपाल कृष्ण गांधी से फोन पर बात की गई है और उनसे अपील की गई है कि वह इस प्रस्ताव पर विचार करें, विपक्ष उन्हें साझा राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाना चाहता है।

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अन्य नामों पर भी चर्चा

सूत्रों की मानें तो गोपाल कृष्ण गांधी के अलावा कुछ अन्य नेताओं के नाम पर भी चर्चा हो रही है। इन नेताओं को विपक्ष ने संपर्क किया है कि वह इसके लिए अपनी सहमति दें। बता दें कि गोपाल कृष्ण गांधी 2004 से 2009 के बीच पश्चिम बंगाल के राज्यपाल थे। गोपाल कृष्ण गांधी से जिन नेताओं ने बात की उनका कहना है कि गोपाल कृष्ण गांधी का इस प्रस्ताव को लेकर रवैया सकारात्मक है। विपक्ष को उम्मीद है कि गोपाल कृष्ण गांधी के नाम पर सभी दल राजी हो सकते हैं क्योंकि पिछले उपराष्ट्रपति चुनाव के दौरान भी उनके नाम पर सभी दल सहमत थे।

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पूर्व राजनयिक हैं गोपाल कृष्ण गांधी

77 वर्षीय गोपाल कृष्ण गांधी पूर्व राजनयिक हैं, उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में बतौर भारत के हाई कमिश्नर के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं। इसके अलावा वह श्रीलंका में भी भारतीय राजनयिक रह चुके हैं। वह महात्मा गांधी और सी राजगोपालाचारी के पोते हैं। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कई विपक्षी दलों को आज की बैठक के लिए न्योता दिया है। इस बैठक में राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार का चयन हो सकता है।