English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-06-29 134923

 लोकसभा चुनाव 2024 में भले ही तकरीबन 2 वर्ष का वक्त बचा हो लेकिन बीजेपी ने अपनी तैयारी अभी से शुरू कर दी है। बीजेपी ने पहले सभी सांसदों को 100 कमजोर बूथों और विधायकों को 25 कमजोर बूथों को पहचान कर उन पर मेहनत करने की जिम्मेदारी दी थी।

 

बीजेपी ने देशभर में 2019 लोकसभा चुनाव में हारी हुई 144सीटों को जीतने की रणनीति तैयार करने के लिए एक टीम बनाई है। इस टीम में पार्टी ने यूपी के बस्ती से सांसद हरीश द्विवेदी, उत्तराखंड के राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े व राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा को जिम्मेदारी दी गई है। इसमें यूपी की 14 सीटों की जिम्मेदारी उत्तराखंड के राज्यसभा सांसद नरेश बंसल को दी गई है।

Also read:  मोदी सरकार के लिए आई बड़ी खुशखबरी, सरकार और कारोबार क्षेत्र में इंडियन का भरोसा काफी बढ़ गया

बीजेपी ने देश भर में 144 हारी हुई सीटों को जीतने के लिए चिन्हित किया है। इस सीटों पर जीत की रणनीति तैयार करने पार्टी अध्यक्ष ने एक टीम बनाई है जो सभी प्रदेशों में जाकर इस सीटों पर जीत की खास रणनीति बनाएगी।पार्टी ने यूपी के बस्ती से सांसद हरीश द्विवेदी, उत्तराखंड के राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े व राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा को इन सभी सीटों की जिम्मेदारी दी है।

Also read:  दिल्ली शराब घोटाले पर बीजेपी ने जमकर उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया पर हमला, 100 करोड़ रुपए की दी गई थी रिश्वत

इन 14 सीटों पर नजर

उत्तर प्रदेश की 14 सीटें जो इस वक्त विपक्ष के पास है उनको जीतने के लिए उत्तराखंड राज्यसभा सांसद नरेश बंसल को जम्मेदारी दी गई है। इन सीटों पर बीजेपी की हार का कारण व इन सीटों पर बूथ मजबूत करने से लेकर लोगों को ज्यादा से ज्यादा जोड़ने का कार्य बीजेपी के नेता करेंगे।

नरेश बंसल यूपी में

लखनऊ में हारी हुई सीटों को लेकर होगी बैठक। जिसमें नरेश बंसल के साथ प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव और संगठन मंत्री सुनील बंसल शामिल होंगे। इसके अलावा इस बैठक में सभी 14 लोकसभा क्षेत्रों के प्रभारियों को भी बुलाया गया है।इस से पहले बीजेपी ने अपने सभी सांसदों को अपने अपने क्षेत्र में 100 कमजोर बूथ और विधायकों को 25 कमजोर बूथों को पहचान कर उन पर काम करने की जिम्मेदारी दी हैं। बीजेपी ने मिशन मोड में 2024 लोकसभा चुनाव की तैयारियां शुरू कर दी हैं।

Also read:  RBI ने नहीं किया रेपो रेट में बदलाव, 4 फीसदी पर बरकरार, 2021-22 में 10.5% GDP का अनुमान