English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-03-30 120523

समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव के चाचा एवं प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (प्रसपा) अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव के बागी तेवरों से सपा गठबंधन टूटना तय माना जा रहा है। ऐसा माना जा रहा है कि शिवपाल सिंह यादव जल्द ही नई भूमिका मे दिखाई देंगे।

 

अखिलेश यादव ने मंगलवार शाम 5 बजे लखनऊ में पार्टी आफिस में समाजवादी गठबंधन से जुड़े सभी दलों के नेताओं की एक बैठक बुलाई थी जिसमें शिवपाल सिंह यादव को भी आमंत्रित किया गया था लेकिन शिवपाल बैठक में शामिल होने की बजाय इटावा के भर्थना स्थिति अपने एक समर्थक विपिन यादव के घर में आयोजित भागवत समारोह में भाग लेते हुए दिखाई दिए।

Also read:  तमिलनाडु के कडलूर जिले में सोमवार को दो निजी बस में आमने-सामने की टक्कर होने से चार लोगों की मौत, 70 लोग घायल

भागवत समारोह के दौरान कुछ पत्रकारों ने शिवपाल से बैठक को लेकर प्रतिक्रिया जानने की कोशिश की जिस पर शिवपाल ने कहा कि उन्हें अभी कुछ भी नहीं कहना है और जब भी कोई बात कहना चाहेंगे तो सभी मीडिया के लोगों को बुलाकर के बात रखेंगे।

Also read:  भारत वर्ष 2025 तक टीबी को पूरी तरह खत्म करने के लक्ष्य पर काम कर रहा- पीएम मोदी

शिवपाल के सख्त तेवरों से प्रतीत हो रहा है कि वो खासे नाराज हैं, लेकिन यह नाराजगी किससे है यह साफ नही हो पा रही है। राजनीतिक विश्लेषक ऐसा अनुमान लगा रहे है कि चाचा शिवपाल सिंह यादव अपने भतीजे अखिलेश यादव से खासे नाराज दिखाई दे रहे हैं और इसी वजह से वह इस तरह का व्यवहार कर रहे है।

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के बाद शिवपाल सिंह यादव बागी तेवर अख्तियार कर लिए हैं और वह लगातार अखिलेश यादव पर कटाक्ष और तंज कसने में जुटे हुए हैं। उनके इन बागी तेवरों को देख कर राजनीतिक हलकों में इस बात की भी चर्चा चलती हुई दिखाई दे रही है कि हो ना हो शिवपाल सिंह यादव उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने के बाद भाजपा के संपकर् में बने हुए है ओर जल्द ही किसी नही भूमिका में दिखाई देंगे इसीलिए शिवपाल बागी तेवर में दिखाई दे रहे है।

Also read:  35 सालों से टिकैत परिवार में जल रही अमर किसान ज्योति