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बालासोर में हुई रेल दुर्घटना की जांच के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) अधिकारी मंगलवार को दुर्घटनास्थल पर पहुंचे। उधर, पश्चिम बंगाल में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने सोमवार को आरोप लगाया कि ओडिशा ट्रेन दुर्घटना के पीछे तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का हाथ है।

बता दें कि 2 जून को बालासोर जिले के बहनागा बाजार स्टेशन पर तीन अलग-अलग पटरियों पर बेंगलुरु-हावड़ा सुपरफास्ट एक्सप्रेस, कोरोमंडल एक्सप्रेस और मालगाड़ी की टक्कर हुई थी। हादसे में 275 लोग मारे गए थे।

अधिकारी ने आरोप लगाया, “ये घटना (ओडिशा ट्रेन दुर्घटना) टीएमसी की साजिश है। वे इस घटना के पीछे हैं। वे इतना क्यों घबरा रहे हैं जब यह घटना दूसरे राज्य की है। वे केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच से क्यों डरते हैं?” भाजपा नेता ने दो रेलवे अधिकारियों के बीच बातचीत के एक कथित ऑडियो क्लिप का जिक्र किया, जिसे टीएमसी नेता कुणाल घोष ने रविवार को ट्विटर पर पोस्ट किया था।

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सुवेंदु बोले- ऐसा नहीं हुआ तो मैं कोर्ट जाउंगा

सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि इन लोगों ने पुलिस की मदद से दोनों रेलवे अधिकारियों के फोन टैप किए। इन लोगों को रेलवे के दो अधिकारियों की बातचीत कैसे पता चली? बातचीत कैसे लीक हो गई। यह सीबीआई जांच में आना चाहिए। अगर यह नहीं आता है, तो मैं कोर्ट जाऊंगा।

इससे पहले सोमवार को केंद्र सरकार पर अपना हमला तेज करते हुए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ओडिशा ट्रेन हादसे की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपने के रेलवे बोर्ड के फैसले की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मैंने सीबीआई को ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस मामला भी दिया था, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। 12 साल हो गए, लेकिन हमें कोई नतीजा नहीं दिख रहा है। सीबीआई आपराधिक और दुर्घटना के मामलों को संभालती है। रेलवे सुरक्षा आयोग वहां है।

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ममता ने हादसे को 21वीं सदी की सबसे बड़ी रेल दुर्घटना बताया

ममता बनर्जी बचाव कार्यों का जायजा लेने के लिए शनिवार को बालासोर में दुर्घटना स्थल पर पहुंचीं। उन्होंने घटना को 21वीं सदी की सबसे बड़ी रेल दुर्घटना करार दिया और कहा कि ऐसे मामलों को रेलवे के सुरक्षा आयोग को सौंप दिया जाता है और वे जांच करते हैं और एक रिपोर्ट देते हैं। जहां तक मुझे पता है ट्रेन में टक्कर रोधी उपकरण नहीं था, अगर ट्रेन में उपकरण होता तो ऐसा नहीं होता।

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बता दें कि टक्कर रोधी उपकरण रेल मंत्रालय की ओर से विकसित बचाव प्रणाली (TCAS) है। बालासोर ट्रिपल ट्रेन त्रासदी के पीछे ममता बनर्जी की ओर से ‘कवच’ प्रणाली की अनुपस्थिति पर सवाल उठाने के बाद रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रविवार को कहा कि दुर्घटना का टक्कर-रोधी प्रणाली से कोई लेना-देना नहीं है।

वैष्णव ने कहा कि हादसा इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग में बदलाव की वजह से हुआ। इसका कवच से कोई लेना-देना नहीं है। इसका कारण वह नहीं है जो ममता बनर्जी ने कहा था। यह घटना इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग में बदलाव के कारण हुई। ये किसने किया और कैसे हुआ, यह उचित जांच के बाद पता चलेगा।