English മലയാളം

Blog

काला हिरण शिकार मामले में राजस्थान के जोधपुर जिला व सत्र न्यायालय ने राज्य सरकार की वह अर्जी खारिज कर दी, जिसमें अभिनेता सलमान खान द्वारा आर्म्स एक्ट के संबंध में दायर हलफनामे को झूठा करार दिया गया था।  राजस्थान  सरकार की ऐसी ही अर्जी को पूर्व में निचली अदालत ने भी खारिज कर दिया था।

सलमान खान के वकील हस्तीमल सारस्वत ने बताया कि जोधपुर जिला और सत्र न्यायालय ने एक विस्तृत आदेश में राज्य सरकार की दोनों दलीलों को खारिज कर दिया। हमने 2006 में ही जवाब दिया था कि कोई गलत हलफनामा पेश नहीं किया गया है और ऐसी दलीलें सलमान खान को परेशान करने के लिए दी जा रही हैं।

हिरण शिकार और आर्म्स एक्ट मामले में इससे पहले मंगलवार को कोर्ट में सुनवाई हुई थी। इसमें सलमान की ओर से झूठा शपथ पत्र देने की बात सामने आई थी। इसके बाद कोर्ट ने सुनवाई को 11 फरवरी तक के लिए स्थगित कर दिया था।  काला हिरण शिकार मामला मामला सितंबर-अक्टूबर 1998 का है। जोधपुर के समीप कांकाणी गांव में बीस साल पुराने काला हिरण शिकार मामले में जोधपुर की कोर्ट ने सलमान खान को दोषी करार दे दिया था। वहीं सह आरोपी सैफ अली खान, नीलम, तब्बू और सोनाली बेन्द्रे को कोर्ट ने बरी कर दिया था।

Also read:  राहुल गांधी के बयान पर बीजेपी का पलटवार, कहा-जनता के बीच अपने विचार रखें। विदेशों में भारत को क्यों बदनाम कर रहे हैं