English മലയാളം

Blog

लखनऊ : 

देश को झकझोर देने वाले हाथरस गैंगरेप और हत्या मामले की जांच अब सीबीआई करेगी. यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार ने इस केस की जांच केंद्रीय जांच एजेंसी से करवाने की सिफारिश की है. इस केस में अभी एसआईटी जांच की प्रारंभिक रिपोर्ट ही राज्य सरकार के पास पहंची है, अभी आगे की जांच जारी है.

शनिवार को यूपी सीएम ऑफिस के ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट से जारी किए गए ट्वीट में लिखा है.

 

 

इससे पहले शुक्रवार को सीएम योगी ने इस मामले पर ट्वीट कर लिखा था., “उत्तर प्रदेश में माताओं-बहनों के सम्मान-स्वाभिमान को क्षति पहुंचाने का विचार मात्र रखने वालों का समूल नाश सुनिश्चित है. इन्हें ऐसा दंड मिलेगा जो भविष्य में उदाहरण प्रस्तुत करेगा. आपकी यूपी सरकार प्रत्येक माता-बहन की सुरक्षा व विकास हेतु संकल्पबद्ध है. यह हमारा संकल्प है-वचन है.”

Also read:  योगी आदित्यनाथ ने कहा भारतीय परंपराओं की वैश्विक पहचान में सेक्युलरिज्म सबसे बड़ा खतरा

बता दें कि इस मामले को लेकर हुई चौतरफा फजीहत के बाद योगी सरकार की तरफ से आज पीड़ित परिवार से मिलने के लिए यूपी के अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी और यूपी के डीजीपी पहुंचे. इसके बाद अवनीश अवस्थी ने लखनऊ में प्रेस वार्ता में कहा कि एसआईटी की जांच जारी है. पीड़ित के परिवार के साथ न्याया करेंगे.

Also read:  सुशांत सिंह राजपूत केस में CBI 145 दिन बाद भी किसी नतीजे पर नहीं पहुंची

इसके बाद आज एक बार फिर कांग्रेस नेता राहुल और प्रियंका गांधी वाड्रा दिल्ली से हाथरस के लिए निकले. डीएनडी पर लंबी मशक्कत के बाद दोनों नेताओं को हाथरस जाने की अनुमति मिली और हाथरस में पीड़ित परिवार से एक घंटे की मुलाकात के तुरंत जैसे ही दिल्ली लौटे. यूपी सरकार की तरफ से सीबीआई जांच की सिफारिश की खबर आ गई.

Also read:  बुल्ली बाई एप (Bulli Bai app) से जुड़े मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशस सेल ने मुख्य आरोपी को किया गिरफ्तार

इस केस में शुरू से ही यूपी पुलिस और जिला प्रशासन की लापरवाही के कई सबूत मीडिया के सामने आए थे. जिसके बाद विपक्षी नेताओं समेत देश के कई हिस्सों में यूपी सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुए. दो दिन के लिए तो पुलिस ने पीड़ित के गांव में मीडिया तो जाने की इजाजत भी नहीं थी.