English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-06-21 103016

समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक कल्पनाथ पासवान बीजेपी में शामिल हो गए हैं। वे साल 2017 में मेह नगर से विधायक चुने गए थे। हालांकि 2022 के विधानसभा चुनाव में पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया था।

समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक कल्पनाथ पासवान बीजेपी में शामिल हो गए हैं। वे साल 2017 में आजमगढ़ के मेह नगर से विधायक चुने गए थे। हालांकि 2022 के विधानसभा चुनाव में पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया था। आज यूपी के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई है।

मेहनगर विधानसभा सीट साल 2017 में समाजवादी पार्टी के पास थी लेकिन विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी ने अपने सीटिंग विधायक कल्पनाथ पासवान का टिकट काटकर सीट सुभासपा को दे दिया था.. सुभासपा ने इस सीट से पूजा सरोज को प्रत्याशी बनाया तो वहीं बीजेपी ने मंजू सरोज को प्रत्याशी बनाया जो पिछला चुनाव सुभासपा के टिकट पर लड़ी थीं। बीएसपी ने पंकज कुमार को प्रत्याशी बनाया. कांग्रेस ने निर्मला भारती को अपना प्रत्याशी बनाया। बसपा को छोड़कर महत्वपूर्ण राजनीतिक दलों ने इस सीट पर महिला प्रत्याशी उतारे। साल 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा के कल्पनाथ पासवान 5412 वोटों के अंतर से जीते थे। वहीं दूसरे नंबर पर रहे, SBSP की मंजू सरोज को 63625 वोट मिले थे।

Also read:  Covid vaccination:पहले दिन 29 लाख लोगों ने कराया रजिस्ट्रेशन: डॉ. हर्षवर्धन

 

उपचुनाव के लिए आजमगढ़ से धर्मेंद्र यादव हैं सपा उम्मीदवार

बता दें कि आजमगढ़ को समाजवादी पार्टी का गढ़ माना जाता है लेकिन अभी धर्मेंद्र यादव अकेले ही यहां जूझ रहे हैं। बीएसपी ने भी इस सीट से शाह आलम उर्फ़ गुड्डू जमाली को चुनाव मैदान में उतारा है। बीएसपी ने रामपुर सीट पर अपना प्रत्याशी नहीं उतारा है। रामपुर में मोहम्मद आजम खान की पसंद के उम्मीदवार आसिम रजा मैदान में हैं।

Also read:  शिवसेना ने राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू को सपोर्ट करने का ऐलान किया

बीजेपी ने आजमगढ़ में फिर भोजपुरी गायक दिनेश यादव निरहुआ पर ही दांव लगाया है, जो 2019 के आम चुनाव में अखिलेश यादव से ढाई लाख से भी ज्यादा मतों से हार गए थे। रामपुर में बीजेपी ने घनश्याम लोधी को उम्मीदवार बनाया है। जो आजम खान (Azam Khan) के करीबी माने जाते थे। पर अब वे आजम को ही चुनौती दे रहे हैं। आजमगढ़ और रामपुर सीटों पर मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी के बीच ही नजर आ रहा है।