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 कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि केन्द्र सरकार किसानों के प्रति निष्ठुर है। यह सरकार किसानों से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (पीएम किसान) के तहत दिए गए पैसे वापस मांग रही है।

 

पार्टी के वरिष्ठ नेता अखिलेश प्रताप सिंह ने गुरुवार को कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित एक प्रेसवार्ता के दौरान कहा कि इस सरकार ने दो करोड़ किसानों को पीएम किसान योजना के तहत प्राप्त राशि को वापस करने के लिए नोटिस दिया है।

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सिंह ने कहा कि किसान सम्मान निधि अब किसान अपमान निधि बन गई हैं। क्योंकि जो किसानों को नोटिस प्राप्त हुई हैं उसकी भाषा किसानों को अपमानित करने वाली है। उस नोटिस में लिखा है कि उक्त व्यक्ति गलत तरीके से पैसे हासिल किए हैं। ऐसा करना दंडनीय अपराध है।

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उन्होंने कहा कि चुनावी लाभ लेने के लिए केन्द्र सरकार ने वर्ष 2019 में हुए लोकसभा चुनाव के पहले यह योजना शुरु कर आनन-फानन में किसानों को पैस बांट दिए थे लेकिन अब किसानों से यह पैसा वापस मांगा जा रहा है। उन्होंने कहा कि देश का किसान पहले से ही आर्थिक तंगी से जूझ रहा है। इस नोटिस ने किसानों की समस्याओं को और बढ़ा दिया है।

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सिंह ने कहा कि इस योजना के तहत किसानों को लगभग 500 रुपये महीने के आर्थिक लाभ मिल रहे हैं लेकिन अब केन्द्र सरकार ने कुछ नियम बनाकर इस पैसे की वसूली शुरु कर दी है। केन्द्र ने लगभग दो करोड़ किसानों को नोटिस भेजा है और उनसे पैसे वापस करने को कहा है।