English മലയാളം

Blog

Screenshot 2022-01-15 133556

कोविड-19 वैश्विक महामारी संबंधी हालात के मद्देनजर राष्ट्रीय राजधानी में इस साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस परेड के दौरान करीब 24,000 लोगों को उपस्थित रहने की अनुमति दी जाएगी।

 

रक्षा प्रतिष्ठान में सूत्रों ने शनिवार को यह जानकारी दी। सूत्रों ने बताया कि देश में वैश्विक महामारी की मार पड़ने से पहले 2020 में करीब 1.25 लाख लोगों को परेड के दौरान उपस्थित रहने की अनुमति थी। उन्होंने बताया कि पिछले साल कोविड-19 के प्रकोप के बीच गणतंत्र दिवस परेड का आयोजन किया गया था और करीब 25,000 लोगों को इस दौरान उपस्थित रहने की अनुमति थी।

Also read:  भाजपा सांसद रीता बहुगुणा जोशी के घर में फैला मातम, पटाखे से झुलसकर छह वर्षीय पोती की मौत

सूत्रों ने बताया कि पिछली बार की तरह इस बार भी वैश्विक महामारी के कारण मुख्य अतिथि के रूप में विदेश से किसी गणमान्य व्यक्ति को संभवत: आमंत्रित नहीं किया जाएगा। भारत उज्बेकिस्तान, तुर्कमेनिस्तान, कजाकिस्तान, किर्गिज गणराज्य और ताजिकिस्तान के नेताओं को आमंत्रित करने की योजना बना रहा है।

Also read:  ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन देंगे इस्तीफा, साथियों के दबाव बनाने के बाद हटे पीछे

उन्होंने बताया कि इस साल परेड के दौरान उपस्थित रहने वाले करीब 24,000 लोगों में से 19,000 लोगों को आमंत्रित किया जाएगा और शेष आमजन होंगे, जो टिकट खरीद सकेंगे। परेड के दौरान कोविड-19 संबंधी सभी प्रोटोकॉल का पालन किया जाएगा।

Also read:  कोरोना मूल वायरस के मुकाबले 318% तेजी से फैल रहा ओमिक्रन, देश में तीसरी लहर की आहट

सूत्रों ने बताया कि लोगों के बैठने का प्रबंध करते समय सामाजिक दूरी के नियमों का पालन किया जाएगा। हर जगह सैनेटाइजर का छिड़काव करने वाले उपकरण लगे होंगे और मास्क पहनना अनिवार्य होगा।