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केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पिछले 5 दिनों में ईंधन की कीमतों में 4 बार की गई बढ़ोतरी को सही ठहराते हुए शुक्रवार को कहा कि रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें बढ़ गई हैं और यह स्थिति भारत सरकार के नियंत्रण से बाहर है।

 

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सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री गडकरी ने ‘एबीपी नेटवर्क’ के सम्मेलन ‘आइडियाज ऑफ इंडिया’ में ‘न्यू इंडिया, न्यू मेनिफेस्टो-सबका साथ, सबका विकास’ सत्र में यह भी कहा कि कभी-कभी हिंदुत्व को गलत तरीके से पेश किया जाता है।

जब उनसे पेट्रोल और डीजल की बढ़ी कीमतों के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि भारत में 80 प्रतिशत तेल आयात किया जाता है। रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें बढ़ गई हैं और हम इसके बारे में कुछ नहीं कर सकते हैं।

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मंत्री ने कहा कि हम 2004 से भारत को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर दे रहे हैं कि जिसके साथ हमें स्वदेशी ऊर्जा उत्पादन क्षमताओं को विकसित करने की आवश्यकता पर जोर देते हुए अपना खुद का ईंधन बनाने की जरूरत है।

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पेट्रोल और डीजल की कीमतों में शनिवार को 80 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई। इस तरह 5 दिनों में पेट्रोल 3.20 रुपए महंगा हो चुका है।